पश्चिम एशिया में जारी भीषण जंग के बीच बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। ईरान ने सऊदी अरब में स्थित अमेरिकी एयरबेस पर हमला करने का दावा किया है। ईरानी मीडिया के मुताबिक, इस हमले में 6 बैलिस्टिक मिसाइलों और 29 ड्रोन का इस्तेमाल किया गया।
ईरान का दावा है कि हमले में अमेरिका का अत्याधुनिक कमांड एंड कंट्रोल विमान ‘E-3 AWACS’ पूरी तरह तबाह हो गया है। जारी तस्वीरों में विमान का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त नजर आ रहा है। इसके अलावा, ईंधन भरने वाले रिफ्यूलिंग विमानों को भी भारी नुकसान पहुंचने की बात कही गई है।
ईरानी सूत्रों के अनुसार, इस हमले में कम से कम 10 अमेरिकी सैनिक घायल हुए हैं, जिनमें दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। हालांकि, अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) की ओर से अब तक इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
बताया जा रहा है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इस्राइल द्वारा ईरान के खिलाफ कार्रवाई शुरू होने के बाद से सऊदी अरब का प्रिंस सुल्तान एयरबेस लगातार निशाने पर है। ईरान ने एक MQ-9 रीपर ड्रोन को मार गिराने और F-16 लड़ाकू विमान को नुकसान पहुंचाने का भी दावा किया है।
इस बीच, यह संघर्ष अब कई देशों तक फैल चुका है। यमन के हूती विद्रोहियों ने भी इस्राइल पर मिसाइल हमले किए हैं। जंग का सबसे ज्यादा असर आम नागरिकों पर पड़ रहा है। हाल ही में मिनाब में एक गर्ल्स स्कूल पर मिसाइल गिरने से 168 बच्चियों की मौत हो गई थी।
ईरान ने साफ संकेत दिए हैं कि वह अमेरिका और इस्राइल के ठिकानों पर ऐसे हमले आगे भी जारी रखेगा, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव और बढ़ने की आशंका है।



