केदारनाथ धाम के कपाट बुधवार को शुभ मुहूर्त में श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। कपाट खुलते ही मंदिर परिसर ‘हर-हर महादेव’ और ‘जय बाबा केदार’ के जयघोषों से गूंज उठा। इसी के साथ विश्व प्रसिद्ध केदारनाथ यात्रा का विधिवत शुभारंभ हो गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कपाटोद्घाटन के अवसर पर धाम पहुंचकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और प्रदेश व देश की सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस पावन क्षण के साक्षी बने।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी चारधाम यात्रा के शुभारंभ पर श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने ‘एक्स’ पर अपने संदेश में कहा कि चारधाम यात्रा भारत की आस्था, एकता और समृद्ध परंपराओं का प्रतीक है। उन्होंने बाबा केदार से सभी श्रद्धालुओं पर कृपा बनाए रखने और यात्रा को मंगलमय बनाने की प्रार्थना की।
प्रधानमंत्री ने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान पांच संकल्प अपनाने की अपील की। इनमें स्वच्छता बनाए रखना, पर्यावरण संरक्षण, सेवा और सहयोग की भावना को बढ़ावा देना, स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहित करना और यात्रा से जुड़े नियमों का पालन करना शामिल है।
उन्होंने यात्रियों को ‘डिजिटल उपवास’ रखने की भी सलाह दी, ताकि वे उत्तराखंड की प्राकृतिक सुंदरता और आध्यात्मिक वातावरण को पूरी तरह महसूस कर सकें। प्रधानमंत्री ने कहा कि चारधाम यात्रा भारत की सांस्कृतिक चेतना का एक बड़ा उत्सव है, जो ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को मजबूत करता है।
गौरतलब है कि गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट 19 अप्रैल को पहले ही खोले जा चुके हैं, जबकि बदरीनाथ धाम के कपाट 23 अप्रैल को श्रद्धालुओं के लिए खोले जाएंगे।



