बीते कुछ दिनों से हो रही बारिश, पहाड़ों पर बर्फबारी और तेज हवाओं के कारण मौसम में ठंडक बनी हुई है। दिनभर बादल छाए रहने और हल्की बारिश के चलते सूर्य की तपिश कम महसूस हो रही है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है। सुबह और शाम के समय हल्की ठंड का एहसास भी हो रहा है, जो मई महीने के लिहाज से असामान्य माना जा रहा है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस बदलाव के पीछे पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता और बदलते जलवायु पैटर्न प्रमुख कारण हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले दो वर्षों से मौसम के मिजाज में इस तरह का बदलाव अधिक देखने को मिल रहा है। बीते वर्ष भी मई के शुरुआती दिनों में बारिश और तेज हवाओं के चलते गर्मी का असर कम रहा था। इस बार भी अब तक मैदानी इलाकों में गर्मी का प्रभाव सामान्य से कम देखने को मिला है।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, दून में दिन का अधिकतम तापमान सामान्य से चार डिग्री कम 31.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि रात का न्यूनतम तापमान सामान्य से दो डिग्री अधिक 23.0 डिग्री सेल्सियस रहा। प्रदेश के अन्य मैदानी इलाकों में भी तापमान सामान्य से नीचे रिकॉर्ड किया गया, जबकि पर्वतीय क्षेत्रों में तापमान में और अधिक गिरावट देखी गई।
विशेषज्ञों का कहना है कि मौसम का यह रुख आने वाले दिनों में भी बना रह सकता है। अगले दो से तीन दिनों के दौरान अधिकतम तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस तक और गिरावट आने की संभावना जताई गई है। इससे लोगों को फिलहाल गर्मी से राहत मिलने के आसार हैं।



